खबर का हुआ असर , तुरमा रेत घाट पहुंची जिला प्रशासन की टीम
ओम जायसवाल बलौदाबाजार – बलौदा बाजार जिले में रेत उत्खनन परिवहन को लेकर अपना news24.in पर प्रमुखता से खबर प्रकाशित किया गया था। जिसके बाद जिला प्रशासन की टीम तुरमा रेत घाट पहुंचकर रेत भंडारण और उत्खनन को लेकर कार्यवाही करते हुए नजर आई।

आपको बता दे की बलौदा बाजार जिले के अलग-अलग क्षेत्र में रेत उत्खनन परिवहन और भंडारण को लेकर स्वीकृति दी गई है लेकिन सभी नियमों को ताक में रखकर रेत ठेकेदार उत्खनन परिवहन और भंडारण करते हुए नजर आए, इसी को लेकर हमने प्रमुक्त से खबर प्रकाशित किया था जिसके बाद जिला प्रशासन की टीम तुरमा रेत घाट पहुंचकर एक चैन माउंटेन को जप्त किया है ऐसी जानकारी हमारे सुत्र बता रहे है। रेत भंडारण की भी जांच की जा रही है।

बड़ा सवाल यह है कि जब भी रेत माफियाओं के खिलाफ कार्यवाही के लिए जिला प्रशासन की टीम निकलती है उससे पहले ही रेत माफियाओं को इसकी जानकारी कैसे मिल जाती है यह जांच का विषय है। हमारे सूत्र बताते हैं कि जब भी अवैध रेत उत्खनन परिवहन को लेकर बलौदा बाजार जिला प्रशासन की टीम कार्यवाही के लिए निकलती है तो उससे पहले ही रेत माफियाओं को सूचना मिल जाता है आखिर यह सूचना उन्हें देता कौन है इन बातों की जांच होनी चाहिए । सूत्र यह भी बताते हैं कि रसूखदार हाईवा मालिकों का वाहन नहीं पकड़ा जाता है। सूत्र यह भी बताते हैं कि लवण ,कसडोल ,बलौदा बाजार,भाटापारा, मे गिने चुने लोगों का हाईवा रेत परिवहन का काम करते हैं जिनकी गाड़ीयों पर कार्यवाही देखो को नहीं मीली है।
हमने पहले भी अपनी खबर में इस बात का जिक्र किया था कि यदि अवैध रेत उत्खनन परिवहन की गाड़ियों के ऊपर राजसाज की कार्यवाही होती है तो अवैध रेत उत्खनन परिवहन पर रोक लग सकती है। अब देखने वाली बात होगी कि क्या मीईनिंग और जिला प्रशासन की ओर से बार-बार अवैध रेत परिवहन करते हुए पकड़े गए गाड़ियों के ऊपर क्या राजसाज की कार्यवाही होगी।


